🌹सूचना दिनांक 28 जून 2024 🙏
इस ग्रुप के सभी सदस्यों को सूचित किया जाता है कि हमारे पास 96 हीरे थे, जिनके कारण हमारे समाज की मान और प्रतिष्ठा स्थापित हुई परंतु अब 95 हीरे है🙏
यह हमारी किस्मत है या दुर्भाग्य कि हम कोयले की खान में पाए जाते हैं, हमारा समाज कोयले की खान से कम नहीं है, जो अंदर ही अंदर सुलगता रहता है 🙏 अगर इस ऊर्जा का सही से प्रयोग हो जाए तो पूरे विश्व में क्रांति( सार्थक परिवर्तन) हो सकती है🌹
हमारे समाज का प्रबुद्ध वर्ग जिन पर समाज अटूट विश्वास करता हैl उनको अहंकार नहीं करना चाहिए अहंकार से बुद्धि का नाश हो जाता है, और बुद्धि के विकास के मार्ग अवरुद्ध हो जाते हैं इस कारण सामाजिक प्रतिष्ठा की क्षति होती है 🙏
1. जो काम सरकारी कमेटी को करना चाहिए था वह कार्य मुझे करना पड़ रहा है,
2. क्योंकि सरकारी कमेटी में अन्य समाज के लोग नहीं है भले ही अन्य राजनीतिक पार्टियों के सदस्य हो l
3. कथित सरकारी कमेटी समाज जोड़ने का काम तो कर ही सकती थी, भले ही DDA ने उसे कुछ अन्य कार्य नहीं करने दिया🙏
4. जो काम मानव सेवा संगठन कर रहा है और गुरु भक्तों की टोलियां कर रही है वह कार्य कथित सरकारी कमेटी भी कर सकती थी परंतु उसने ऐसा कुछ नहीं किया और 96 गुरु भाइयों के अधिकार के लिए कोई संघर्ष नहीं किया यहां तक कि 96 भाइयों को दिलासा देने तक नहीं गये उसी का परिणाम है कि अब हमारे गुरु भाइयों की संख्या 95 हो गई हैl
5. हमारी संख्या और कम ना हो इसलिए हम अपने सभी भाइयों का ग्रुप बना देना चाहते हैं, ताकि वह अपना दुख सुख को शेयर कर सके 🙏
6. इसके साथ ही बहुत से गुरु भाई ऐसे हैं जो व्हाट्सएप चलाना नहीं जानते अथवा मोबाइल का खर्च उठाने में सक्षम नहीं है, आपस में सूचनाओं का आदान-प्रदान कर सकेगें l 👏
7. जिन जगहों पर मैंने भ्रमण किया उनमें से कुछ जगह ऐसी भी मिली (सब किस्मत के धनी नहीं होते, सबको अच्छे माता-पिता और समाज नहीं मिलता ) जहाँ हमारे गुरु भाइयों को परिवार की तरफ से अथवा उनके गांव वालों की तरफ से उपहास किया जाता है जो उनमें घोर निराशा भर देता है और वे आत्मघात कर लेते हैं,🙏
8. अधिकतम गुरु भाइयों की उम्र 30 से कम है, और वह जीविका के कठिन दौर से गुजर रहे हैं 🙏
9. कुछ लोगों की वेदना झलक पड़ी और उन्होंने कहा 5 साल में पहली बार कोई हमारा हाल-चाल पूछने आया है,🙏
10. परिवार की आर्थिक स्थिति दैनीय है परंतु कहीं से उनका कोई आर्थिक सहयोग नहीं है 🙏
11. जबकि आंदोलन के आवाहन कर्ताओं ने आंदोलन में सहयोग करने के लिए जरूर आवाहन कर दिया था, अब आवाहन कर्ताओं को अपना दायित्व निभाना चाहिए
संत शिरोमणि रविदास ने कब कहा मेरा मंदिर बनाना.....
उन्होंने कहा था ऐसा चाहूं राज मैं...
12. सरकारी समिति में दो MP और उनके दो सहायक थे, चार संत थे, दो पुरानी समिति के व्यक्ति थे, और एक समाज का प्रवक्ता था🌹
13. परंतु विषय उठना है इनमें संत शिरोमणि गुरु रविदास का भक्त कौन था, जिसने संत शिरोमणि के दर्शन पर कार्य किया है🙏
ऐसा चाहूं राज (अर्थव्यवस्था और समाज व्यवस्था) मैं......
मिले सबन(sangthn) को......
14. कथित सरकारी कमेटी तो सबको सदस्य बनना तक नहीं चाहती है , उसने तो सरकारी कमेटी के भी पर कुतर दिये 🙏 तब क्या वह 96 गुरु भाइयों को समिति में सम्मिलित करेगी🙏 मेरे लिखित रूप में देने के बावजूद उसने अभी तक अपने संगठन की नियमावली उपलब्ध नहीं कराई है👏 इसकी सूचना हाउसिंग मिनिस्ट्री के पास भी है l
15. ऐसी दशा में मुझे विचार करना पड़ रहा है, कि 96 गुरु भाइयों को सरकारी समिति में जोड़ने का अनुरोध किया जाए अथवा लीगल नोटिस देकर विधिक प्रक्रिया शुरू की जाए 🙏
16. ज्ञात हो कि मानव सेवा संगठन विधिक प्रक्रिया के पक्ष में नहीं है परंतु मैं मानव सेवा संगठन को जनवरी 2024 से ही जानता हूं!
17. गुरु भाईयों ( devotees) के लिए मेरा संघर्ष पुराना है और मैं 2019 से ही उनके अधिकारों के लिए संघर्ष कर रहा हूं🙏
18. हमारे इस ग्रुप से सरकारी समिति और कथित सरकारी समिति के सदस्य जुड़े हुए हैं, फिर भी मैं उनको उनके व्यक्तिगत व्हाट्सएप पर सूचना भेजूंगा और अपेक्षा करूंगा 96 गुरु भाइयों को समिति में सम्मिलित करने संबंधित सूचना से वह मुझे तत्काल अवगत करें 🙏 क्योंकि इसकी उद्घोषणा मैंने फरवरी में ही कर दी थी और मैं इस विषय पर कार्य कर रहा हूं यह सब को पता है 🙏
यदि मुझे कोई सूचना प्राप्त नहीं होती तो अगले सप्ताह में लीगल नोटिस की कार्रवाई शुरू की जाएगी 🙏
सभी 96 गुरु भाइयों का शुभचिंतक अधिवक्ता कमलेश कुमार मित्रा
मो. 9335122064👏
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