Friday, 20 September 2024

9 से 12 सितंबर की पोस्ट

 [09/09, 1:20 pm] kamleshmittra: कड़वी बात - 2


सूचना दिनांक 9 सितंबर 2024 


कड़वी बात तो कड़वी बात ही होती है, और जब मैं खुद कह रहा हूं बात कड़वी है तो जरूर ही कड़वी होगी🙏 पिछली बार जब कड़वी बात पोस्ट लिखी थी तो लोगों ने पोस्ट डिलीट करने का प्रयास किया, और उसके बाद परिणाम हुआ कि आगे की पोस्ट 24 घंटे में डिलीट होती रही क्योंकि सेटिंग बदल दी गयी 😂


1. यह बात ठीक वैसे ही है, जब बच्चे को कड़वी दवा खिला दो, तब मौका पाते ही वह दवा को कचरे में फेंक देता है😂 इसको अबोधता कहते हैं, भले दवा कड़वी है परंतु वह उस बच्चों को ही स्वस्थ करेगी 🙏


2. बातें तो बहुत सी करनी है, और आज कुछ विधिक कार्य भी करने थे, कोर्ट की तरफ जाना था🙏 परंतु मैं 10:00 बजे सो कर उठा हूं, मन में इतने विचार आते हैं, कि नीद नही आती, क्या ना लिखूं यह सोच सोच कर परेशान होता हूं 🙏


3. मुझे जो काम करना पड़ रहा है यह करने के लिए मैं दिल्ली नहीं आया था, भारतीय न्याय व्यवस्था में जो हमारे समाज का शोषण हो रहा है, केवल हमारे समाज के केसो की तारीख नहीं लगती है, मैं उस कुव्यवस्था को ठीक करने आया हूं 🙏


4. एक लंबे संघर्ष के बाद सूचना अधिकार अधिनियम बना, कई लोगों और संगठनों का योगदान रहा है 🙏सन 2005 में पांच सौ से अधिक पत्र मैंने व्यक्तिगत रूप से सांसदों को लिखे थे उसके बाद यह कानून अस्तित्व में आया 🙏यह अब तक का पहला और आखिरी कानून है जो जनता के लिए है, जनता को लोकतांत्रिक अधिकार देता है 🙏 परंतु इस अधिकार को भी प्रशासन का अधिकार बनाकर रख दिया गया है 🙏 इस अधिकार को भी अन्य अधिनियम की तरह प्रशासन की जागीर बना दिया गया है 🙏


5. अधिनियम कहता है सूचना 30 दिन के अंदर दी जाएगी, उसके बाद अपील की जा सकती है, प्रथम अपील द्वितीय अपील 🙏


6. प्रथम अपील की अपील 45 दिन के बाद आरंभ होती है जो 90 दिन तक की जा सकती है🙏 प्रथम अपील का निस्तारण न होने पर, पुनः 90 दिन तक आप द्वितीय अपील कर सकते हैं🙏


7. परंतु केंद्रीय / राज्य सूचना आयोग आपकी शिकायत का संज्ञान कब लेगा, और कब तक आपको सूचना दिलायेगा यह निश्चित नही है 🙏


8. राष्ट्रीय सूचना आयोग में, तीन अपील पिछले एक साल से पड़ी है और लगभग 6 माह से एक अन्य अपील पड़ी है 🙏 और अब तक दो अपील और मैच्योर हो चुकी है🙏 परंतु अभी तक किसी की सुनवाई आरंभ नहीं हुई है 🙏


9. उत्तर प्रदेश राज्य सूचना आयोग में दो केस को मैंने 12, और 10 साल तक लड़ा, सूचना आयोग की आंख के नीचे प्रतिवादी ने समस्त सूचनाओं ( पत्रावली को बीट आउट कर दिया ) को जला दिया 🙏 सूचना आयोग ने उसको दंडित नहीं किया, मेरे अनुरोध करने के बाद भी दंडित नहीं किया🙏


10. इस प्रकार यह सूचना अधिकार अधिनियम केवल सूचना आयोग प्रशासन का अधिकार बनकर रह गया है, आम जनता का अधिकार नहीं है 🙏


11. उपरोक्त मामला लखनऊ हाई कोर्ट की बेंच में विचाराधीन है, इस मुकदमे को 2022 में कायम किया गया था, अभी तक लखनऊ हाई कोर्ट प्रतिवादी से WS नहीं मंगा सका है 🙏 इसमें उत्तर प्रदेश राज्य सूचना आयोग भी प्रतिवादी है 🙏


12. हाई कोर्ट के लिस्टिंग बाबू को पता है, कि केस को कितने नंबर पर लगाया जाए तो सुनवाई में नहीं आएगा, इसलिए लिस्टिंग एप्लीकेशन से भी कोई फर्क नहीं पड़ता है 🙏और धोखे से केस आ भी गया तो प्रतिवादी वकील के पास सैकड़ो बहाने है🙏 क्योंकि सामने की सीट पर उनके जीजा जी बैठे हैं 🙏


13. पतंजलि योगपीठ के ट्रस्टी जो इलाहाबाद में रह रहे थे उनके केस की फाइल को मैंने 33 वर्ष बाद पुन: चालू कराया था, इलाहाबाद में हाई कोर्ट में भ्रष्टाचार का यह लेवल है, तब जस्टिस चंद्रचूड़ हाई कोर्ट इलाहाबाद के चीफ जस्टिस हुआ करते थे 🙏 जब तक बाबू को पैसा नहीं मिलेगा वह फाइल दबाए रखेंगा 🙏

14. उपरोक्त संपूर्ण संघर्ष में मैंने अपनी जेब से पैसा खर्च किया, क्योंकि तब मैं पैसा कमा सकता था, मेरा पैसा किताबें और कानूनी प्रक्रिया में खर्च होता था🙏


15. मेरा संघर्ष उपरोक्त विषयों को लेकर था, इसका समाधान करने के लिए मैं दिल्ली आया था परंतु यहाँ पर हमारे समाज के लोग मुझे अन्य कार्यों में फंसाए हुए हैं 🙏


16. जब तक मैं पतंजलि योगपीठ में नहीं आया था, मुझे जानने वालों की संख्या 1 2 3 4 होती थी, इंजीनियरिंग कॉलेज के क्लास के विद्यार्थियों को छोड़कर 🙏


17. एक लंबे एकाकी जीवन के बाद सितम्बर 2022 में मैंने अपने एक चचेरे भाई के साथ बेगमपुर में रहना स्वीकार किया, सन 2004 से मैं एकाकी जीवन ही जी रहा हूं🙏 और अपनी लाश को अपने कंधे पर उठाया हूं 👏


18. जनवरी 2024 में तुगलकाबाद रविदास मंदिर के आरटीआई एक्टिविस्ट ने हाई कोर्ट में आगे बढ़ने से आर्थिक असमर्थता व्यक्त की तब, श्री के. सी. रवि जी से आर्थिक सहयोग हेतु मैंने भेंट की थी 🙏


19. मैं गुरु रविदास मंदिर संघर्ष के जो भी पेपर उनको दिखता था, वह तुरंत उसकी फोटो कॉपी करा लेते मुझे उनकी नियत पर शक तो होने लगा था क्योंकि मैं अपने किसी भी क्लाइंट का पेपर बिना उसकी अनुमति के दूसरे को नहीं दे सकता हूँ 🙏


20. मेरे पास कोई विकल्प नहीं था संत शिरोमणि गुरु रविदास की इच्छा को मानते हुए मैं उनके साथ चलता रहा उसी का परिणाम यह हुआ कि मैं 96 गुरु भक्तों सहित 105 रविदास मंदिरों के संपर्क में आ चुका हूं, और अन्य गुरु भक्त भी हमसे अपेक्षा करते हैं🙏


21. परंतु रवि जी इस मुद्दे को भाजपा के खिलाफ भुनना चाहते हैं, वह 96 गुरु भाईयों के कल्याण के पक्ष में नहीं है, उनको अधिकार देने के पक्ष में नहीं है, जिस प्रकार उन्होंने मेरे साथ जो नीति अपनाई "यूज़ एंड थ्रो" वह वही रणनीति 96 गुरु भाइयों के साथ अपनना चाहते हैं 🙏

22. 96 गुरु भाइयों के एड्रेस लिस्ट मुझसे लेने के बाद, खुद को उनका नेता बनने के प्रयास में है 😂 और खुद को राष्ट्रीय धार्मिक नेता दिखाने के षड्यंत्र में है 🙏


23. जबकि श्री दुष्यंत गौतम जी, प्रतिनिधि भारत सरकार, उनके रिश्तेदार है, पारिवारिक प्रोग्राम में वह एक दूसरे से मिलते हैं🙏वह चाहे तो सीधे उनसे बात करके 96 गुरु भाईयो सहित 105 मंदिरों के प्रतिनिधियों को सरकारी कमेटी की आमसभा में जोड़ सकते हैं, अन्य इच्छुक गुरु भक्तों को तुगलकाबाद रविदास मंदिर आम सभा में जोड़ सकते हैं🙏 परंतु उनको तो मंदिर पर राजनीति करनी है👏


24. क्योंकि वह काली के पुजारी है 🙏 उनके कॉमन हाल में काली की प्रतिभा विराजमान है, जब वह अपने परिवार के व्यक्तियों से संबोधन करते हैं तो जय माता की कहते हैं, जय गुरु रविदास कभी नहीं कहते है 🙏

25. 105 मंदिरों का तो वह जिक्र तक नहीं करते है, उनको तुगलकाबाद रविदास मंदिर से जोड़ने की कोई बात नहीं करते, उनके एजेंटो से पता लगा है, वह संत श्री निरंजन दास जी वाली कुर्सी चाहते हैं 🙏 वह भी बिना किसी चुनावी प्रक्रिया के 😂


26. भारतीय संविधान द्वारा प्रदत्त प्रक्रिया का अनुपालन करते हुए कोई व्यक्ति अगर सीट पर आता है तो मैं उसका स्वागत करूंगा, परंतु चोर दरवाजे से अगर कोई आना चाहता है, निर्योग्यता के साथ आना चाहता है🙏 तो मैं समाज को सजग करूंगा, मैं कोई अंतिम विचारक नहीं हूं, कृपया अन्य विचारों को भी सुने 🙏


27. कल 10 सितंबर 2024 है मासिक पूजा का दिन है, आम सभा के गठन के साथ कार्यकारिणी के चुनाव की घोषणा हो जाती है तो मैं समझ लूंगा मेरा कार्य खत्म हो गया है 🙏


 प्रतिनिधि अधिवक्ता कमलेश कुमार मित्रा 👏9335122064

[09/09, 3:34 pm] kamleshmittra: संत श्री कमल दास जी,


आपकी बात के संदर्भ में इतना ही कह सकता हूं -


"दर्द जब हद से गुजरता है तो गा लेते हैं" मैं कोई शायर तो नहीं🙏


इस धरती को बनाने वाला भी मैं नहीं हूं, अपने 50 साल के जीवन में सिर्फ इतना जान पाया हूं धरती बनी कैसे, लोग बने कैसे, समाज बना कैसे, सरकार बनी कैसे, संसार बना कैसे 🙏


मैं नहीं था तब भी था,

मैं नहीं रहूंगा तब भी रहेगा 🙏


यह संसार घर के आँगन की तरह है, सुबह साफ करो शाम तक फिर गंदा हो जाता है 🙏 कुछ देर घोर अंधेरा रहता है, अगली सुबह फिर कोई संत आँगन साफ करता है🙏 संसार इसी प्रकार चलता रहता है 🙏


मैं अपना काम कर रहा हूं, जितना होगा करूंगा, मैं कोई अंतिम करने वाला नहीं हूँ 🙏और न निराश और हताश हूँ 🙏


मेरे संगी साथी निपट गए 🌹 कौन जाने हमारी अगली सांस आखिरी सांस हो 🙏 


आओ कुछ अच्छा करते हुए चलते हैं 👏

कुछ आप करो कुछ हम करते हैं 🙏🌹


 साधक कमलेश कुमार मित्रा@9335122064

[09/09, 8:25 pm] kamleshmittra: संत शिरोमणि गुरु रविदास जी का वह स्थान जहां पर पिछली बार चादर नहीं डाली गई, और लोग इस पर चलते रहे 🙏


यह वह स्थान है जहां पर उनकी प्रतिमा थी 🙏🌹 इस स्थान को श्री रिशिपाल जी ने, माननीय सांसद भाई चंद्रशेखर आजाद को चिन्हित कराया था 🙏

[09/09, 9:24 pm] kamleshmittra: लंगर की सेवा परिवार की तरफ से होगी से क्या मतलब है 😂


 किसके परिवार की तरफ से? 🙏


जय माता जी के परिवार की तरफ से या जय गुरुदेव जी के परिवार की तरफ से 😂😍

[09/09, 9:43 pm] kamleshmittra: अति आवश्यक सूचना🙏🌹


11 सितंबर के आंदोलन का स्थान रामलीला मैदान से बदलकर आईपी स्टेट हो गया है 🙏


ऑफिशियल सूचना आना अभी बाकी है 🙏


 आईपी स्टेट, आईटीओ के पास है 🙏 खुद को मानसिक रूप से तैयार रखें🙏🌹 जंग अभी जारी है 🇮🇳

[09/09, 10:49 pm] kamleshmittra: 🌹अति आवश्यक सूचना-

 9 सितंबर 2024


1. सिरी रागु 

2. रागु गउड़ी 

3. रागु गउड़ी बैरागणि 

4. रागु गउड़ी पुरवी 

5. रागु आसा 

6. रागु गुजरी 

7. रागु सोरठि 

8. रागु घनासरी 

9. रागु जैतसरी 

10. रागु सूही 

11. रागु बिलावलु 

12. रागु गोंड 

13. रागु रामकली 

14. रागु मारु 

15. रागु केदार 

16. रागु भैरउ 

17. रागु बसंत 

18. रागु मलार 


उपरोक्त 18 राग में गाये जाने वाले अमृतवाणी के 40 शबद 🙏


 कोई आर्केस्ट्रा गाने वाला नहीं गा सकता है 🙏 राग शरीर को कम्पित करते हैं🙏 राग की उत्पत्ति शरीर के कंपन से होती है🙏


वह पहला गुरु वह पहला भक्ति जिसने अपने शरीर से यह राग उत्पन्न किये 🙏 हमारा आराध्य देव है 🙏


उसके साथ प्रयोग किए जाने वाले कोई भी बाध्य यन्त्र इस प्रकार नहीं होने चाहिए, जो इन रागों को उनकी संवेदनाओं से भ्रमित करते हों 🙏 इसीलिए संत शिरोमणि गुरु रविदास ने मीरा को मात्र एक तारा दिया था🙏 कोई ढोलक नहीं दी थी 😂


इन सब बातो का जानकार ही संत शिरोमणि गुरु रविदास का पुजारी हो सकता है🙏 अन्य कोई पूजा करने योग्य नहीं है 🌹


राग विहीन शबद का उच्चारण उसी प्रकार हैं जैसे बिना मात्रा की जानकारी के किसी सब्जी में मसाले मिला दिए गए हैं 😂


जो व्यक्ति इनकी जानकारी रखता है, और अपने शरीर से राग उत्पन्न करने में सक्षम है वही आरती और अरदास कर सकता है😂


 इसी प्रकार पूजा की थाली का बड़ा महत्व है, क्या वह थाली भक्त के घर की है🙏 भक्तों की संयुक्त थाली है 🙏 या किसी की दया से भेजी गई थाली है 🙏


किसी अन्य धर्म, मान्यता को मानने वाले की करुणा से दी गई थाली/दान से गुरु कृपा प्रकट नहीं होती है 🙏


 यदि गुरु का अपमान होगा, तो कथित भक्तों का भी अपमान होगा😂


मैंने बहुत कम कहा है, अधिक समझने का प्रयास करना 🙏 मेरी मजबूरी है मैं इस विषय में ज्यादा निंदा रस में नहीं जा सकता हूँ 🙏


साधक कमलेश मित्रा@9335122064

[12/09, 10:04 am] kamleshmittra: 🌹अंतिम सूचना नहीं👏


सूचना दिनांक 12 सितंबर 2024


कुछ सामान्य सूचना निर्गत कर देता हूं 🙏


1. तुगलकाबाद रविदास मंदिर की तथा कथित सरकारी कमेटी के संदर्भ में अभी तक स्पष्ट नहीं किया गया है कि वह ही सरकारी कमेटी है 🙏 उनके द्वारा आईटीआई की सूचना उपलब्ध नहीं कराई गई है जबकि अबतक चार अपीलीय अधिकारी बदले जा चुके हैं 🙏

2. प्रधानमंत्री कार्यालय के माध्यम से जो पत्र मुझे भेजा गया उसमें जिस कमेटी के नाम का उल्लेख है और 4 करोड़ 33 लाख रुपया मांगा गया है, उसमें भी इस बात का उल्लेख नहीं है कि वह ही सरकारी कमेटी है🙏( क्योंकि स्व-गठित कमेटी से पैसे की डिमांड तभी की जा सकती है जब उसको आय का स्रोत बता दिया गया हो🌹)

3. प्रधानमंत्री कार्यालय से जो सूचना भेजी गई वह लीगल नोटिस के अनुरूप नहीं थी इसलिए उसकी अपील लगा दी है, अभी तक अंतिम सूचना नहीं आई है 🙏

4. संत श्री निरंजन दास जी के ऑफिस से कोई लिखित सूचना प्राप्त नहीं हुई है कि अंतिम निर्णय क्या लिया गया है🙏

5. तथाकथित सरकारी कमेटी के अध्यक्ष श्री वीर सिंह हितकारी जी की तरफ से किसी भी सूचना से अवगत नहीं कराया गया है कि उनकी अगली कार्रवाई क्या है 🙏

6. माननीय सांसद भाई चंद्रशेखर आजाद जी के द्वारा तुगलकाबाद रविदास मंदिर का मुद्दा संसद में उठाया गया, उस पर क्या कार्रवाई हुई इस सूचना आना बाकी है 🙏

7. हम सभी सूचनाओं के आने का इंतजार कर रहे हैं🙏

8. इसके पश्चात ही कोई अंतिम सूचना जारी की जाएगी कि मेरे स्तर से अगली कार्रवाई क्या है 🙏


प्रतिनिधि:अधिवक्ता कमलेश कुमार मित्रा @9335122064


नोट : 

1. कल एक राजनीतिक व्यक्ति ने हमारे ग्रुप को छोड़ दिया, यह सोचकर कि मैं आजाद समाज पार्टी के लिए काम कर रहा हूं, वह दूसरी पार्टी से संबंध रखते हैं🙏


2. मैं स्पष्ट कर दूं मेरा गोल निश्चित है, मैं हर उस पार्टी के साथ हूं, मैं हर उस राजनीतिक नेता के साथ हूं, मैं हर उस संत के साथ हूं, मैं हर उस धर्म के साथ हूं जो मेरे समाज के उत्थान के लिए कार्य कर रहा है🙏 छल प्रपंच से मुक्त होकर 😂


3. मेरा लक्ष्य निश्चित है - मैं होरिजेंटल विचारधारा का व्यक्ति हूं, मैं होरिजेंटल विचारधारा स्थापित करना चाहता हूं🙏 होरिजेंटल विचारधारा की राजनीतिक पार्टी, होरिजेंटल विचारधारा के सामाजिक संगठन, होरिजेंटल विचारधारा के धार्मिक संगठनों के बीच आप मुझे कहीं भी पा सकते हैं🙏


4. आप मुझे वर्टिकल विचारधारा के राजनीतिक संगठन के बीच, वर्टिकल विचारधारा के सामाजिक संगठन के बीच, वर्टिकल विचारधारा के धार्मिक संगठनो के बीच भी पा सकते हैं🙏 क्योंकि हम होरिजेंटल विचारधारा के व्यक्ति हैं 🙏 हमारा लक्ष्य निश्चित है 🌹


5. श्री मनोज मान्यवर जी ने, हरिद्वार के एक धार्मिक प्रोग्राम में आने का विशेष आमंत्रण दिया था🙏 परंतु चर्चा के दौरान वह बताना भूल गए कि धार्मिक प्रोग्राम मा. सांसद श्री दुष्यंत गौतम जी के मार्गदर्शन में हो रहा है 🙏 उन्होंने जब प्रोग्राम का पंपलेट मुझे भेजा, तब मुख्य अतिथि के रूप में माननीय सांसद श्री दुष्यंत गौतम जी का नाम का उल्लेख था🙏


6. वह राजनीतिक प्रोग्राम होता और वह राजनीतिक प्रोग्राम के मुख्य अतिथि होते तो मैं जरूर जाता परंतु वह धार्मिक प्रोग्राम था🌹 चंद पैसे पाने के लिए उनका मुख्य अतिथि बनाया गया इसलिए मैं उसे प्रोग्राम में नहीं गया था 🙏


7. श्री मनोज मान्यवर जी का ग्रुप को छोड़ना मुझे कदापि उचित नहीं लगा🙏


8. भाजपा सांसद माननीय श्री दुष्यंत गौतम जी के पास समाज के लिए करने के लिए बहुत कुछ है परंतु वह कुछ करते हुए नजर नहीं आते इसलिए हम उनके साथ नजर नहीं आते😂


9. मैंने गंभीर लिखा पढ़ी से पहले, फरवरी मार्च माह में उनसे संपर्क करने का प्रयास किया था, समाज के वरिष्ठ समाज सेवक और पूर्व अधिकारी श्री मोतीराम जी से सोर्स भी लगवाया था, इसके बावजूद उनके कार्यालय ने मुझे मिलने नहीं दिया 🙏 


10. मैं चाहूंगा वह हमारे समाज के लिए कुछ अच्छा करते नजर आए हम उनके साथ भी नजर आएंगे 🙏🌹

[12/09, 10:30 pm] kamleshmittra: 🌹निंदा रस👏


सूचना दिनांक 12 सितंबर 2024


मैं 2019 से एक वाक्य अक्सर सुनता रहा हूं 🙏🌹


"वह आरएसएस का एजेंट है, वह भाजपा का आदमी है" सरकारी कमेटी का कौन-कौन आदमी आरएसएस का एजेंट है, कौन-कौन आदमी भाजपा का एजेंट है आदि 🌹


आज मुझे एक सूचना प्राप्त हुई जिसमें मुझे भी आरएसएस का आदमी कह दिया गया 😂


वह सेंट्रल कमेटी के पूर्व अध्यक्ष बताए जाते हैं, मैंने कभी उनको नहीं देखा, जहां तक मुझे याद आता है हमारी उनकी कभी बात नहीं हुई है 🙏


बड़ा आसान है मांस की जुबान को उठाओ और दे मारो 🙏🌹


मैं पतंजलि योगपीठ में रहा हूं, पतंजलि योगपीठ पर आरएसएस का असर है, बाबा रामदेव और आरएसएस प्रमुख की बातचीत होती रहती है🙏

अशोक सिंघल जब दिल्ली आए थे, तब बाबा रामदेव से उनकी भेंट हुई, संयोग से उस समय मैं दिल्ली में था, यह वार्ता पतंजलि योगपीठ के फार्म हाउस पर हुई थी 🙏


विषय उठना है आरएसएस कहां नहीं?


जहां-जहां होरिजेंटल धर्म है, वहां वहां आरएसएस नहीं है 🙏शेष सभी जगह पर आरएसएस है 🌹


आरएसएस तुम्हारे दिमाग में है, आरएसएस तुम्हारे विचारधारा में है, अगर तुम वर्टिकल धर्म का पालन करते हो, अगर तुम वर्टिकल विचारधारा की पुस्तकों का समर्थन करते हो 🙏


आप किसके साथ खड़े हो किसके साथ उठते-बैठते हो, यह बिल्कुल ही महत्व नहीं रखता है 🙏 आरएसएस एक विचारधारा है 🙏 वर्टिकल विचारधारा, समाज को वर्टिकल रूप से स्थापित कर देने की विचारधारा है 🙏


मा. काशीराम जी ने इस बात को बहुत पहले समझाया था🙏


माननीय काशीराम होरिजेंटल विचारधारा के व्यक्ति हैं, जबकि बसपा प्रमुख मायावती वर्टिकल विचारधारा की व्यक्ति हैं🙏


इस हिसाब से मायावती आरएसएस की व्यक्ति है, अन्य लोग इसी प्रकार से जाने जा सकते हैं 🙏कौन किसका आदमी है😂😭


केंद्रीय कमेटी के पूर्व अध्यक्ष से मिलने के बाद ही पता लगेगा वह किस विचारधारा के व्यक्ति हैं🙏 परंतु एक बात तो साफ हो गई, अफवाह फैलाओ, आरएसएस की विचारधारा के व्यक्तियों का यह सूत्र वचन है 🙏


लीगल नोटिस कई वादी केंद्रीय कमेटी के पूर्व अध्यक्ष के संपर्क में है, और वह तुगलकाबाद रविदास मंदिर मिशन को छति पहुंच रहे हैं🙏 ऐसा प्रतीत होता है वह अपनी नाकामयाबी पर पछता रहे 🙏 जब उनके पास करने का समय था तब उन्होंने कुछ किया नहीं, अब वह क्या कर लेंगे? 😂😭


मैं इस विषय को विधिक गंभीरता से ले सकता हूं, यदि एक भी व्यक्ति मुझे गवाही के रूप में मिल गया 🙏


अधिवक्ता कमलेश कुमार मित्रा 👏9335122064

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