@ajtak @bbc
मूर्खता की पराकाष्ठा है😂
रामायण में कुंभ के मेले का कोई जिक्र नहीं है 😂😂😂
महाभारत में भी कुंभ के मेले का कोई जिक्र नहीं है😂😂😂 तो महाकुंभ कहां से आ गया😂😂😭👹
समुद्र मंथन तो समुद्र में हुआ था😂😂😂
यह पाखंड कब से शुरू हुआ, इस संदर्भ में जो प्रमाण है, वह इस प्रकार है -
भारत के महान सम्राट समुद्रगुप्त ने इसका आयोजन किया था🙏 यह महान सम्राट बुद्ध धर्म से प्रभावित था, इसलिए त्रिवेणी में सभी कुंभों ( कुए के मेंढक) को डुबकी लगवाता था 😂😂😂
ताकि मूर्खताओं को छोड़ दिया जाए, अपने डफली अपना अपना राग ना रहे 🙏 एक माह तक खुले मन से चर्चा हो🙏 सब त्रिवेणी में अपना कुंभ को पुनः भरें 😂😂😂 और उसके राज्य क्षेत्र में कहीं पर कोई धार्मिक विवाद ना हो 🙏🙏🙏
परंतु महा मूर्ख लोग का संघ जिन्हें तेहरा अखाड़े कहां जाता है, एक दूसरे पर आज भी लाठियां भांजते रहते हैं 😂😂😂 कौन पहले नहाएगा आदि, कौन बड़ा और कौन छोटा आदि 👹
जब आदि शंकराचार्य ने शैशव पंथ की स्थापना की, तो उनका वैष्णो पंथ से विवाद और गहरा हो गया 🙏
इसी का समाधान करने के लिए, त्रिवेणी में सभा का आयोजन किया गया, और यह सभा नियमित रूप से आज तक चली आ रही है, इस परंपरा का अनुपालन बादशाह अकबर ने भी किया 🙏 और भारत के महान बौद्ध सम्राट हर्षवर्धन ने भी किया था🙏
विभिन्न संस्कृतियों का मिलन स्थल है संगम का त्रिवेणी क्षेत्र🙏🙏
परंतु मूर्ख पाखंडी कहते हैं मुस्लिम यहां नहीं आएगा🙏🙏🙏, मुस्लिम तो पाकिस्तान से नहीं आया, अमेरिका की नागरिकता के लिए दुखी हो, पेट फड़कने को तैयार हो, तो यहां के मुस्लिम विदेशी कैसे होगा 😂🙏
बैल को केवल लाठी से ही समझाया जा सकता है
अब विषय उठता है देवता डुबकी लगाना कहां से आ गए 😂😂😭,
वह तो समुद्र में अमृत पीने के लिए झगड़ा कर रहे थे😂😂😂
सब कथाओं की बातें हैं भाई, पंडित उपन्यास लिखने में कुशल है, उपन्यास के पात्रों को जोड़ने में भी कुशल है 🙏 उसकी यह कुशलता किसी भी पुराण( प्रेरणाप्रद काल्पनिक उपन्यास) को, ऐतिहासिक ग्रंथ बन सकती है🙏
अधिवक्ता कमलेश कुमार मित्रा @ 9335122064
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